Saturday, 27 July 2013

सरकार को अपने मंत्री ,नेता ,अफसर और दलालों के लिए मिड डे मील योजना चालू करनी पड़ी ये इनके लिए वरदान हे वही गरीब  बच्चे जो की सरकारी स्कूल में पड़ते हे उनके लिए ये अभिशाप हे गरीब आदमी सोचता हे की चलो स्कूल  में कुछ सिख कर आयेंगा ,लेकिन इस मिड डे मील ने लुटिया डुबो दी अच्छा माल तो पहले से ही स्कूल के मास्टर और अफसर पार कर लेते हे ,सडा,गलाऔर ख़राब को पकाकर इन मासूम गरीबो को खिलते हे ये पहले से ही कुपोषित होते हे और इस कारण से ये काल कवलित हो जाते हे ,होना तो ये चाहिए की यदि आपको मिड डे मील जरी रखनी हे तो गुणवत्ता पर ध्यान रखे यदि कोई लापरवाही करे तो सीधा ही जेल और कड़ी सजा दे ,लेकिन नेता तो वोटो के कारन ध्यान नहीं देते और अफसर दलाली के चक्कर में ,इस तरेह से ये योजना फ़ैल सी हो गयी

राम नरेश गुप्ता  विवेक विहार सोडाला जयपुर 

No comments:

Post a Comment