Monday, 7 October 2013

चुनाव होने वाले हे राज्य में ,अब राज्य का निर्वाचन आयोग की थोड़ो बहुत दादागिरी चलेंगी क्योकि आचार सहिंता लग चुकी हे लेकिन फिर भी चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवार सभी पार्टी के कोई ना कोई गली निकाल लेते हे जिस तरह से  निर्वाचन आयोग के नियमो की   यदि पालना की जाये तो शायद चुनावी खर्चा बड़े ही नहीं लेकिन बिना पैसे और दलाली के क्या कुछ हो सकता हे क्योकि चुनाव जितने के लिए पार्टी का टिकेट लेने से चुनाव के अंत तक प्रत्याशी करोडो खर्च कर देता हे वो सबको मालूम हे लेकिन शो कोई भी नहीं करता ,क्योकि आये दिन अनाप सनाप SMS  ,फ़ोन काल ,न्यूज़ ,और अखबारों में व्हिज्ञापन ,रैल्ली और अन्य ताम झाम करते हे यदि चुनाव आयोग सही तरीके से मोनिटर करे तो कुछ  हो सकता लेकिन कोई फायदा नहीं सब पॉवर और पैसे के दम पर करते हे फिर भी लगाम तो लगाता ही हे चुनाव आयोग कुछ हद तक

राम नरेश गुप्ता विवेक विहार सोडाला जयपुर 

No comments:

Post a Comment