Friday, 13 June 2014

हमारे देश में जब ज्यादा होता हे तब कोई चिंता नहीं करता ,लेकिन कम होते ही चिल्लाना शुरू कर देते हे
जल ही जीवन हे सब जानते हे फिर भी लोग इसका अप्वय् यानि फालतू खर्च करते हे क्योकि फ्री में जो मिल रहा हे बारिश में जल का संचय नहीं करते ,साथ में गर्मी में भी बड़े लोग ,नेता ,मंत्री ,सरकारी अफसर और गार्डन में थोक भाव से जल का दुरपयोग करते हे बही आधी से ज्यादा जनता को पीने का पानी नसीब नहीं हे ,किसके पास जाये कोई सुनता नहीं हे सब अपनी जेब भरने में लगे हे

 जलदाय विभाग कहने को जल का ऑफिस हे लेकिन ये लोग ही सबसे बड़े लापरवाह हे जल की बर्बादी में इनका भी हाथ हे क्योकि इन लोगो को तो कोई फरक नहीं पड़ता सब सेटिंग  हे

 हमारे यहाँ कानून की पालना नहीं होगी तब तक जल का महत्व कोई नहीं जानेगा खास तौर से बड़े लोग। ................

राम नरेश गुप्ता विवेक विहार सोडाला जयपुर 

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